आयुष्मान योजना पर सवाल नकद वसूली के आरोपों से घिरे निजी नर्सिंग होम

राजनांदगांव।देश की महत्वाकांक्षी आयुष्मान भारत – प्रधानमंत्री जन आरोग्य योजना का उद्देश्य गरीब और जरूरतमंद नागरिकों को निःशुल्क एवं कैशलेस इलाज उपलब्ध कराना है, लेकिन राजनांदगांव जिले में कुछ निजी नर्सिंग होम पर आयुष्मान कार्डधारी मरीजों से नकद वसूली, पैकेज से अधिक शुल्क और दवाइयों को बाहर से मंगवाने का दबाव बनाए जाने जैसे गंभीर आरोप सामने आ रहे हैं।
इन मामलों को लेकर प्रेस रिपोर्टर क्लब के प्रदेश अध्यक्ष संजय सोनी ने कहा कि आयुष्मान योजना के नाम पर यदि मरीजों से एक भी रुपया लिया जा रहा है, तो यह न केवल योजना की भावना के विरुद्ध है, बल्कि सीधा कानून का उल्लंघन भी है।
स्थानीय स्तर पर प्राप्त शिकायतों के अनुसार, आयुष्मान कार्ड होने के बावजूद मरीजों से अलग-अलग मदों में पैसे लिए जा रहे हैं। कहीं “पैकेज में शामिल नहीं” बताकर, तो कहीं “विशेष दवा या इंजेक्शन” का हवाला देकर मरीजों की मजबूरी का फायदा उठाया जा रहा है। प्रदेश अध्यक्ष संजय सोनी का कहना है कि गरीब मरीज इलाज के डर और जानकारी के अभाव में आवाज नहीं उठा पाते, जिसका नर्सिंग होम लाभ उठा रहे हैं।
⚖️ आयुष्मान अधिनियम के तहत संभावित कार्रवाई
यदि जांच में आरोप सही पाए जाते हैं, तो संबंधित नर्सिंग होम पर➖
आयुष्मान योजना से तत्काल डी-एम्पैनलमेंट,
मरीज से ली गई अतिरिक्त राशि की वापसी,
भविष्य में योजना से स्थायी निष्कासन,
फर्जी या अनियमित क्लेम की रिकवरी,
और ब्लैकलिस्ट किए जाने जैसी कार्रवाई हो सकती है।
इस संबंध में संजय सोनी, प्रदेश अध्यक्ष प्रेस रिपोर्टर क्लब ने स्पष्ट किया कि नियम सबके लिए समान हैं और किसी भी नर्सिंग होम को मरीजों की मजबूरी का व्यापार करने नहीं दिया जाएगा।
🏥 स्वास्थ्य अधिनियम के तहत नर्सिंग होम पर कार्रवाई
छत्तीसगढ़ स्वास्थ्य एवं नर्सिंग होम अधिनियम के अंतर्गत➖
नर्सिंग होम का पंजीयन निलंबन या निरस्तीकरण,
अयोग्य डॉक्टर या स्टाफ पाए जाने पर कानूनी कार्रवाई,
मरीज को दवा बाहर से मंगवाने के लिए मजबूर करने पर दंड,
जिला स्तरीय जांच समिति द्वारा औचक निरीक्षण,
और आर्थिक जुर्माना सहित प्रकरण दर्ज किया जा सकता है।
प्रेस रिपोर्टर क्लब के प्रदेश अध्यक्ष संजय सोनी ने कहा कि स्वास्थ्य अधिनियम का उल्लंघन कर कोई भी संस्था मरीजों के जीवन से खिलवाड़ नहीं कर सकती।
📰 प्रेस रिपोर्टर क्लब की जमीनी जांच
इन गंभीर आरोपों को देखते हुए प्रेस रिपोर्टर क्लब ने निर्णय लिया है कि➖
आयुष्मान कार्डधारी मरीजों के घर-घर जाकर जानकारी ली जाएगी,
इलाज में ली गई राशि, रसीद और दस्तावेजों का सत्यापन किया जाएगा,
और जहां पैकेज नियमों के विरुद्ध वसूली पाई जाएगी, वहां मरीजों के साथ मिलकर मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी, राजनांदगांव को औपचारिक शिकायत सौंपी जाएगी।
इस संबंध में प्रदेश अध्यक्ष संजय सोनी ने कहा कि यह अभियान पूरी तरह जनहित और कानून के दायरे में रहेगा।
जनहित में अपील➖
संजय सोनी, प्रदेश अध्यक्ष, प्रेस रिपोर्टर क्लब ने राजनांदगांव जिले के सभी आयुष्मान कार्डधारी मरीजों से अपील की है कि यदि इलाज के दौरान उनसे नकद राशि ली गई हो या दवाइयां बाहर से खरीदने को मजबूर किया गया हो, तो वे सामने आएं। प्रेस रिपोर्टर क्लब उनके साथ खड़ा है और नियमानुसार प्रशासनिक कार्रवाई के लिए उनकी आवाज बनेगा।
यह समाचार जनहित में, उपलब्ध तथ्यों एवं कानूनी प्रावधानों के आधार पर प्रकाशित किया गया है। संबंधित पक्ष को अपना पक्ष रखने का पूरा अवसर है।