राजनांदगांव में चॉइस सेंटरों की मनमानी पर फूटा आक्रोश श्रम कार्ड और बैंक निकासी के नाम पर वसूली, कार्रवाई नहीं हुई तो होगी शिकायत — संजय सोनी

राजनांदगांव। जिले में संचालित कई चॉइस सेंटरों में शासन द्वारा निर्धारित शुल्क से अधिक पैसे वसूले जाने का मामला सामने आ रहा है। श्रम कार्ड, आधार संबंधी कार्य और बैंक से राशि निकालने जैसे कार्यों के नाम पर आम लोगों से निर्धारित दर से कहीं अधिक पैसे लिए जा रहे हैं, जिससे ग्रामीण और गरीब जनता को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
बताया जा रहा है कि कुछ चॉइस सेंटरों में तो बैंक से पैसे निकालने पर 1 से 2 प्रतिशत तक अतिरिक्त राशि भी ली जा रही है, जो कि पूरी तरह नियमों के विरुद्ध है। जबकि चॉइस सेंटरों की स्थापना का उद्देश्य ही यह था कि ग्रामीण और शहरी जनता को पारदर्शी और निर्धारित शुल्क पर सेवाएं मिल सकें।

⚠️ मॉनिटरिंग की मांग
इस मामले को गंभीरता से उठाते हुए प्रेस रिपोर्टर क्लब के प्रदेश अध्यक्ष संजय सोनी ने कहा कि श्रम विभाग और NIC के संबंधित अधिकारियों को चॉइस सेंटरों की नियमित मॉनिटरिंग करनी चाहिए, ताकि शासन द्वारा तय किए गए शुल्क से अधिक राशि वसूलने वालों पर तत्काल कार्रवाई हो सके।
उन्होंने कहा कि कई स्थानों पर चॉइस सेंटर संचालक भोली-भाली ग्रामीण जनता की मेहनत की कमाई पर डाका डाल रहे हैं, जो बेहद चिंताजनक है।

⚡ सख्त कार्रवाई की मांग
संजय सोनी ने शासन-प्रशासन का ध्यान आकर्षित करते हुए कहा कि ऐसे चॉइस सेंटरों को चिन्हित कर उनके लाइसेंस निरस्त (NIC से रिजेक्ट) किए जाने चाहिए और उनकी जगह नए, ईमानदार संचालकों को अवसर दिया जाना चाहिए, ताकि जनता को सही दर पर सेवाएं मिल सकें।

🔴 चॉइस सेंटर संचालकों को चेतावनी
प्रेस रिपोर्टर क्लब के प्रदेश अध्यक्ष संजय सोनी ने आक्रामक अंदाज में सभी चॉइस सेंटर संचालकों को चेतावनी देते हुए कहा कि शासन द्वारा निर्धारित फिक्स रेट से अधिक राशि लेना तुरंत बंद करें, अन्यथा प्रेस रिपोर्टर क्लब आने वाले समय में इस संबंध में श्रम विभाग और NIC को लिखित शिकायत कर कड़ी कार्रवाई की मांग करेगा।
उन्होंने कहा कि जनता के अधिकारों की रक्षा के लिए प्रेस रिपोर्टर क्लब हमेशा आवाज उठाता रहेगा और यदि जरूरत पड़ी तो जनहित में बड़ा आंदोलन भी किया जाएगा।